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राजभाषा(Official Language)

राजभाषा(Official Language)

  • राजभाषा (Official Language) का अभिप्राय है, राज अर्थात राज्य के कार्य में प्रयुक्त होने वाली भाषा | ऐसी भाषा जिसका प्रयोग देश के राज्य की अथवा सरकारी कार्यों के लिए किया जाता है उसे राजभाषा कहा जाता है |
  • संविधान के भाग 17 में अनुच्छेद – 342 से  351 तक राजभाषा के विषय में वर्णन किया गया है इसके अतिरिक्त भाषा संबंधी  उपबंध संविधान के विभिन्न अनुच्छेदों जैसे 29, 30, 120, 210, 394, का और आठवीं अनुसूची में भी किए गए हैं |
  • भारत में 1652 से अधिक भाषाएं बोली जाती है जिसमें से 63 से अधिक भाषाएं विदेशी हैं |
  • भारत का विस्तृत भौगोलिक क्षेत्र एवं सांस्कृतिक स्थिति उसकी भाषा  को विविधता को सशक्त आधार प्रदान करती है इस कारण भारत को विविधताओं का देश कहा जाता है |
  • किसी भी राष्ट्र की उन्नति के लिए आवश्यक है कि उसकी एक सर्वमान्य भाषा हो जो राष्ट्र के सभी नागरिकों को एकता के सूत्र में बांधने में सक्षम हो |
  • भारतीय भाषाओं में हिंदी सर्वाधिक विस्तृत भौगोलिक क्षेत्र में बोली जाने वाली भाषा भारत के लगभग 46% से अधिक लोगों द्वारा हिंदी भाषा का प्रयोग किया जाता है |
  • सभी प्रादेशिक भाषाओं में हिंदी को समझने एवं बोलने वालों की संख्या सर्वाधिक है जिसके कारण हिंदी राजभाषा कार्यान्वयन करने के लिए सर्वाधिक उपयुक्त है |
  • SWATANTRATA KE BAAD HINDI KA VIKAS
  • Official Language (राजभाषा)

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि – राजभाषा(Official Language)

  • वर्ष 1947 स्वतंत्रता प्राप्ति के पश्चात, भारत में सर्वाधिक लोकप्रिय एवं विस्तृत भौगोलिक क्षेत्र में बोली ,समझी जाने वाली भाषा हिंदी को राजभाषा का स्थान प्राप्त हुआ |
  • लेकिन गैर हिंदी भाषी क्षेत्र के लोग द्वारा हिंदी को राजभाषा का दर्जा दिए जाने का विरोध किया गया  |
  • संविधान सभा में राजभाषा के प्रश्न पर बहस के दौरान हिंदी को राजभाषा बनाने के पक्ष में अपार जन समर्थन को देखते हुए संविधान सभा की समिति में हिंदी के पक्ष में अपना निर्णय दिया |
  • मुंशी फार्मूले के अंतर्गत 14 सितंबर 1949 को हिंदी को राजभाषा का  संवैधानिक दर्जा प्राप्त हुआ और हिंदी को संघ की राजभाषा के रूप में स्वीकार किया गया |
  • इस कारण प्रत्येक वर्ष 14 सितंबर को हिंदी दिवस के रूप में मनाया जाता है |
  • इस प्रकार 26 जनवरी, 1950 हिंदी को राजभाषा का स्थान प्राप्त हो गया है |
  • संविधान के अंतर्गत यह प्रावधान है कि, संविधान के लागू होने के बाद 15 वर्ष तक सभी सरकारी कामकाज , प्रयोजनों के लिए अंग्रेजी भाषा का पालन होता रहेगा |  इस संबंध में संसद को विधि  के निर्माण का अधिकार दिया गया है |

राजभाषा अधिनियम, 1963  राजभाषा(Official Language)

  • अधिनियम के अनुसार , हिंदी तो संघ की राजभाषा रहेगी परंतु इसके साथ अंग्रेजी भाषा भी संघ के सभी राज्य की कार्यों के लिए प्रयोग की जाएगी |
  • इस अधिनियम में कुछ विशेष मामलों में हिंदी के साथ अंग्रेजी का प्रयोग किया जा ता रहेगा |
  • शासकीय कार्य मैं अंग्रेजी भाषा का प्रयोग समाप्त करने के लिए ऐसे राज्यों के विधान मंडलों द्वारा एक संकल्प पारित करना होगा , जिन्होंने हिंदी को अपनी राजभाषा के रूप में स्वीकार नहीं किया है |
  • गैर हिंदी भाषी राज्यों के द्वारा पारित इस प्रकार के संकल्प पर विचार करने के पश्चात संसद के दोनों  सदन द्वारा इस प्रकार का संकल्प पारित करना होगा |
  • अंग्रेजी को राजकीय कार्यों के प्रयोग से बाहर किया जा सकता है परंतु उपयुक्त प्रक्रिया पूर्ण न होने की स्थिति में अंग्रेजी अपने पहले की स्थिति में बनी रहेगी |
  • अतः संघ की दूसरी भाषा के रूप में अंग्रेजी अनिश्चितकाल तक बनी रह सकती है क्योंकि यदि भारत का कोई गैर हिंदी भाषी राज्य में अंग्रेजी के पक्ष में रहता है तब भी अंग्रेजी भारत की सहायक राजभाषा के रूप में अस्तित्व में रहेगी |

राज्य अथवा प्रादेशिक भाषाएँ(state or regional language)

  • भारतीय संविधान के अनुसार अनुच्छेद 345  में प्रत्येक राज्य विधान मंडल को राजकीय कार्यों के लिए प्रयोग की जाने वाली भाषा चुनने का अधिकार दिया गया है|
  • जब तक राज्य विधानमंडल किसी भाषा को राजभाषा के रूप में स्वीकार नहीं करता है तब तक शासकीय कार्यों के लिए अंग्रेजी भाषा का प्रयोग होता रहेगा |
  • राज्य विधान मंडल के  सदनों में प्रस्तुत किए गए  विधेयक अथवा प्रस्तावित संशोधन एवं पारित सभी अधिनियम, राष्ट्रपति अथवा राज्यपाल द्वारा जारी किए गए |
  • सभी अध्यक्ष अध्यादेश , संसद /राज्य विधान मंडल द्वारा बनाए गए सभी आदेशों, नियमों, विनियम, भी नियमों उपविधियों के पाठ अंग्रेजी भाषा में होंगे |
  • Official Language राजभाषा

 इस आधार पर भारत के 9 राज्य   हिंदी राजभाषा वाली है

Official Language (राजभाषा)

  • उत्तर प्रदेश
  • उत्तराखंड
  • मध्य प्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • बिहार
  • झारखंड
  • राजस्थान
  • हरियाणा
  • हिमाचल प्रदेश
  • एवं केंद्र शासित प्रदेश दिल्ली द्वारा हिंदी को राजभाषा के रूप में स्वीकार किया गया है

द्वितीय राजभाषा हिंदी वाले प्रदेश

  • महाराष्ट्र
  • गुजरात
  • पंजाब
  • चंडीगढ़
  • और अंडमान निकोबार
  • दीप समूह की सरकारों ने भी हिंदी को द्वितीय राजभाषा के रूप में मान्यता दी है

      राजभाषा अंग्रेजी वाले प्रदेश

  • मेघालय
  • मिजोरम
  • अरुणाचल प्रदेश
  • नागालैंड
  • की राजभाषा अंग्रेजी है

 राज्यों के द्वारा भाषा संविधान में वर्णित आठवीं अनुसूची तक ही सीमित नहीं है

  • संघ में राजकीय कार्यों में प्रयोग की जाने वाली भाषाएं संघ, राज्य, एक राज्य से दूसरे राज्य  के बीच पत्र व्यवहार की भाषा होगी |
  • राष्ट्रपति इस बात को पूरी तरह आश्वस्त हैं कि किसी राज्य की जनसंख्या का पर्याप्त भाग, अपने द्वारा बोली जाने वाली भाषा को मान्यता प्रदान करवाना चाहता है |
  • वह निर्देश दे सकता है कि उस भाषा को राज्य में सभी जगह या उसके किसी भाग में राज्य की मान्यता प्रदान की जाए (अनुच्छेद 343) |

संघ – राज्य के मध्य अथवा विभिन्न राज्यों के मध्य संपर्क भाषा

  • राज्य के मध्य संघ की संपर्क भाषा आधिकारिक रूप से अंग्रेजी होगी | जिस का हिंदी अनुवाद भी होगा परंतु , दो या दो से अधिक हिंदी भाषी राज्य आपसी समझौते से राज्यों के बीच हिंदी को संपर्क भाषा के रूप में प्रयोग कर सकते हैं

उच्चतम उच्च एवं अन्य न्यायालयों की भाषा

  • संविधान के अनुच्छेद 348  के अनुसार जब तक संसद विधि द्वारा ऐसा प्रावधान न कर सके तब तक –
  • उच्चतम न्यायालय तथा उच्च न्यायालय की सभी कार्यवाही अंग्रेजी भाषा में होंगी | राजभाषा अधिनियम 1963 , के अनुसार संसद द्वारा उच्चतम न्यायालय में हिंदी भाषा के प्रयोग से संबंधित कोई व्यवस्था नहीं की गई है|
  • इसीलिए, उच्चतम न्यायालय द्वारा केवल याचिकाकर्ताओं को सुनवाई के लिए स्वीकार किया जाता है जो अंग्रेजी   भाषा में होती है |
  • यदि राज्यपाल के द्वारा राष्ट्रपति से पूर्व अनुमानित प्राप्त हो जाए तो उच्च न्यायालय की कार्यवाही हिंदी भाषा में संचालित हो सकती है | परंतु उच्च न्यायालय के निर्णय, आदेश या डिग्री अंग्रेजी में ही होगी |

 संसद में कामकाज की भाषा

  • संसद में कामकाज की भाषा हिंदी अथवा अंग्रेजी में होगी यदि कोई सदस्य हिंदी अथवा अंग्रेजी में नहीं बोल सकता तू उसे लोकसभा अध्यक्ष अशोक पीठासीन अधिकारी के द्वारा अपनी मातृभाषा में बोलने की अनुमति दी जा सकती है |
  • Official Language (राजभाषा)

भाषा संबंधी विशेष निर्देश -राजभाषा(Official Language) –

  • प्रत्येक नागरिक की समस्याओं के समाधान के लिए संघ राज्य कि किसी अधिकारी को ऐसी किसी भी भाषा में आवेदन दे सकता है जो भाषा संज्ञा राज्य में प्रयोग की जाती हो |
  • 7 संविधान संशोधन अधिनियम 1956  के द्वारा अनुच्छेद 350 (क) के अंतर्गत या व्यवस्था की गई है कि  अल्पसंख्याक वर्ग के बच्चों को प्राथमिक स्तर पर उसकी मातृभाषा में शिक्षा उपलब्ध कराने की व्यवस्था करेगा
  • अनुच्छेद 350 (क) के अंतर्गत , राष्ट्रपति द्वारा भाषण  अल्पसंख्यक वर्गों के लिए कि आयुक्त(commissionner) नियुक्त करने का प्रावधान भी किया गया है |
  • यह आयुक्त अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय के अधीन कार्य करता है |
  • अनुच्छेद  351 के अंतर्गत, संघ का कार्य निर्धारित किया गया है कि वह हिंदी भाषा का प्रचार और उसका विकास करें, जिससे हिंदी भाषा की  मिली-जुली संस्कृति के सभी तत्वों की अभिव्यक्ति का माध्यम बन सके |
  • Official Language (राजभाषा)

 राजभाषा आयोग  (official languages commission)

  • संविधान के अनुच्छेद 344 के अंतर्गत राष्ट्रपति द्वारा राजभाषा के विषय में सलाह देने के लिए एक आयोग और संसदीय समिति का प्रावधान किया गया है |
  • राष्ट्रपति द्वारा संविधान लागू होने से 5 वर्ष की समाप्ति पर और उसके बाद प्रत्येक 10 वर्ष की समाप्ति पर इन राज्य सभा एक राजभाषा आयोग गठित किया जाएगा |
  • Official Language (राजभाषा)

भारत के नियन्त्रक एवं महालेखापरीक्षक Comptroller and Auditor General of India

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